कथा के दौरान छलका कथावाचक युवराज पांडे का दर्द, सुरक्षा को लेकर जताई चिंता, कहा – गलती इतनी है कि हम छत्तीसगढ़िया हैं……
रायपुर। छत्तीसगढ़ के कथावाचक युवराज पांडे ने सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि गलती बस इतनी है कि हम छत्तीसगढ़िया हैं। दरअसल कथावाचक युवराज पांडे का एक और वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने छत्तीसगढ़िया होने का दर्द बयां किया।
कथावाचक युवराज का ये वीडियो कथा के दौरान का है, जिसमें वो कहते नजर आ रहे हैं कि बड़े दुख की बात है… इतनी भीड़ है, इतनी पब्लिक है, लेकिन सुरक्षा करने के लिए दो पुलिसकर्मी भी नहीं खड़े हैं। ये दुर्भाग्य की बात है… इतनी भीड़ प्रशासन को नहीं दिख रही है। उन्होंने आगे कहा कि शुरू दिन कलश यात्रा के दौरान कई लोगों की माला चोरी हो गई, जिसके बाद कई भक्त कथा सुनने भी नहीं आए। इतनी भीड़, जनसैलाब के बाद भी एक सुरक्षाकर्मी नहीं है, बस गलती इतनी है कि हम छत्तीसगढ़िया हैं और कोई गलती नहीं है।
उन्होंने आगे कहा कि ”सब कुछ राम भरोसे चल रहा है, बस भगवान रक्षा कर रहे हैं इसलिए चल रहा है। अगर कोई अप्रीय स्थिति बनती है तो भगवान जगन्नाथ जी संभालेंगे और छत्तीसगढ़ महतारी के कोरा में हैं तो माता संभाल लेगी, यही भाव है। चारों ओर देख लीजिए कोई नहीं है। बस दो चार हमारे बाउंसर भाई हैं वो सुरक्षा व्यवस्था संभाले हुए हैं। ठीक है…राखे राम तो मारे कौन और मारे राम तो राखे कौन। उन्होंने बताया कि सुरक्षा को लेकर आवेदन सभी जगह दिया गया है। सूचना सभी को दी गई है। उन्होंने प्रशासन से पूछा है कि कोई टारगेट है क्या कि महाराज को निपटाना है…भीड़ में फायदा उठाना है।
बता दें कि आचार्य रामानुज युवराज पांडे छत्तीसगढ़ के एक सुप्रसिद्ध युवा कथावाचक और जस गीत गायक हैं। वे विशेष रूप से अपनी छत्तीसगढ़ी शैली में कथा वाचन और ‘पचरा गीत’ (देवी भक्ति गीत) के लिए सोशल मीडिया पर काफी लोकप्रिय हुए हैं। वे 10-12 साल की उम्र से ही कथा सुना रहे। अभी रायपुर के खिलोरा, सेजबहार में उनकी शिव महापुराण कथा चल रही है।

Public reporter 



